May23withNewstrack

सुबह करीब 11 बजे नोएडा के सेक्टर 82 स्थित फूलमंडी में सभी मतगणना कर्मचारियों को मतगणना का रिहर्सल कराया गया। इस दौरान सभी को मतगणना की पूरी प्रक्रिया का पुनः प्रशिक्षण दिया गया ताकि कल किसी भी तरह की कोई चूक या व्यवधान पैदा न हो सके।

सपा प्रतिनिधिमण्डल में राष्ट्रीय सचिव राजेंद्र चैधरी के साथ विधायक शैलेन्द्र यादव ‘ललई‘ और राकेश प्रताप सिंह शामिल थे। प्रतिनिधिमण्डल ने अपने ज्ञापन में कहा कि घोसी में चुनाव के बाद बीती 20 मई की रात में मंडी समिति के स्ट्रांग रूम में, जहां ईवीएम मशीनें रखी गई थी, संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों के आवागमन की सूचना दिए जाने पर वहां पर मौजूद पुलिस अधीक्षक मऊ सुरेन्द्र बहादुर ने सपा के जिलाध्यक्ष धर्मप्रकाश यादव के साथ आए कार्यकर्ताओं पर लाठियां चला दी।

पूर्वांचल, पश्चिमांचल, बुंदेलखण्ड और प्रदेश के अन्य कुछ हिस्सों से प्राप्त रखरों के मुताबिक विपक्षी दलों का आरोप है कि एग्जिट पोल पूरी तरह 'मैनेज' हैं और यह आगामी 23 मई को मतों की गिनती करने जा रहे कर्मियों पर गड़बड़ी के लिये दबाव बनाने और जनता की आंखों में धूल झोंकने का हथकंडा है।

आप’ के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने इस पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए हिंदी में ट्वीट किया, ‘‘ क्या असली खेल ईवीएम है? क्या पैसे देकर एग्जिट पोल कराया गया? उप्र, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, दिल्ली, बंगाल हर जगह भाजपा ही जीत रही है ये कौन यक़ीन करेगा?

गोरखपुर में बीजेपी कार्यकर्ता और नेता काफी खुश नजर आ रहे हैं, और उसको लेकर तरह तरह के जतन कर रहे हैं, आज गोरखपुर के गोलघर में प्राचीन काली मंदिर पर बीजेपी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने हवन पूजन कर माता काली से उनका आशीर्वाद लिया, और इस हवन में गठबंधन को स्वाहा भी किया।

पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने सोमवार को एग्जिट पोल के पूर्वानुमानों को नकारते हुए कहा, ‘‘ हमें एग्जिट पोल रिपोर्ट की चिंता करने की जरूरत नहीं है, जो अधिकतर मामलों में ठीक नहीं होते।’’

लोकसभा चुनाव से पहले उप्र में सपा, बसपा और रालोद ने गठबंधन किया था। इन दलों ने गठबंधन के तहत सीटों का बंटवारा कर चुनाव लड़ा था । अखिलेश आज दोपहर बसपा प्रमुख के घर पहुंचे और दोनों नेताओं के बीच एक घंटे तक बात हुई ।

तीस शेयरों वाला सेंसेक्स करीब 1,261.81 अंक बढ़कर 39,192.58 अंक पर करोबार कर रहा था। इससे पहले सेंसेक्स 1,300 अंक से भी अधिक चढ़ गया था।

बनर्जी ने ट्वीट किया, “मैं एक्जिट पोल के कयासों पर भरोसा नहीं करती। यह रणनीति अटकलबाजी के जरिए हजारों ईवीएम को बदलने या उनमें हेरफेर करने के लिए प्रयुक्त होती है। मैं सभी विपक्षी पार्टियों से एकजुट, मजबूत और साहसी रहने की अपील करती हूं।”

वाराणसी पिछले दो लोकसभा चुनाव से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की झोली में है । 1991 में पहली बार भाजपा के शिरीषचंद्र दीक्षित 41 फीसदी मतों के साथ यहां से जीते थे। उसके बाद अगले तीन आम चुनाव में भी भाजपा के शंकर प्रसाद जायसवाल बड़े अंतर से जीते।