CM योगी ने कोविड-19 फंड में दिए 1 करोड़ और 1 माह की सैलरी

कोरोना वायरस से लड़ने के लिए समाज के अलग-अलग तबके के लोग मदद के लिए आगे आ रहे हैं। केंद्र और राज्य सरकारें भी इसमें लगी हुई हैं। कोरोना से लड़ाई में पैसे की कोई कमी न हो इसके लिए सांसदों और विधायकों ने पहले ही अपनी विधायक निधि से फंड दिया है।

लखनऊ: कोरोना वायरस से लड़ने के लिए समाज के अलग-अलग तबके के लोग मदद के लिए आगे आ रहे हैं। केंद्र और राज्य सरकारें भी इसमें लगी हुई हैं। कोरोना से लड़ाई में पैसे की कोई कमी न हो इसके लिए सांसदों और विधायकों ने पहले ही अपनी विधायक निधि से फंड दिया है।

इसके अलावा पीएम केयर फंड में भी लोग पैसा दे रहे हैं। अब इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोविड 19 फंड के लिए विधायक निधि फंड से एक करोड़ और 1 महीने की सैलरी दी है।

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सीएम के अलावा अपना दल के कार्यकारी अध्यक्ष और एमएलसी आशीष पटेल ने भी कोविड केयर फंड में अपनी विधायक निधि से एक करोड़ रुपये दिए हैं। विधान परिषद में शिक्षक दल नेता ओम प्रकाश शर्मा ने भी फंड में अपनी विधायक निधि से एक करोड़ रुपये दिए हैं।

दरअसल शनिवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधायकों से ‘यूपी कोविड केयर फण्ड’ में विधायक निधि से एक करोड़ रुपए प्रदान करने तथा अपना एक माह का वेतन भी देने की अपील की थी।

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सीएम योगी ने कहा था कि बेसिक शिक्षा विभाग ने कोविड 19 फंड के लिए 76 करोड़ रुपए की धनराशि उपलब्ध कराने का सराहनीय कार्य किया है। लेखा परीक्षा विभाग ने भी धनराशि उपलब्ध करायी है। इससे पहले भी सरकार द्वारा कई कार्य किए जा चुके हैं।

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कोरोना वायरस की वजह से देशभर में लॉकडाउन की मार सबसे ज्यादा प्रदेश के दिहाड़ी और मनरेगा मजदूरों पर पड़ी है। इसको देखते हुए उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने बड़ा कदम उठाते हुए 27.5 लाख मनरेगा मजदूरों के अकाउंट में 611 करोड़ से ज्यादा रुपये ट्रांसफर किए। सरकार लोगों को तीन महीने का राशन-पानी मुफ्त में देगी। इससे पहले सीएम योगी ने प्रदेश के 20 लाख से अधिक दिहाड़ी मजदूरों के खाते में भी सीधे एक हजार रुपये की पहली किस्त भेजी थी।