योगी सरकार ने यूपी में दंगा करने वाले 80 दंगाइयों की सम्पत्ति की सीज, नोटिस जारी

नागरिकता संसोधन कानून(CAA) के मुद्दे पर यूपी में सरकारी सम्पत्तियों को नुकसान पहुंचाने  वाले दंगाइयों के खिलाफ योगी सरकार ने कार्रवाई शुरू कर दी है।

लखनऊ: नागरिकता संसोधन कानून(CAA) के मुद्दे पर यूपी में सरकारी सम्पत्तियों को नुकसान पहुंचाने  वाले दंगाइयों के खिलाफ योगी सरकार ने कार्रवाई शुरू कर दी है।

इसी कड़ी में  मुजफ्फरनगर में 80 दुकानों को पुलिस ने सीज कर दिया है। एसएसपी का कहना है कि दुकान मालिकों को नोटिस भेजा जा चुका है और नुकसान की भरपाई के लिए कहा गया है।

पुलिस महानिदेशक सिंह ने कहा, “हिंसा करने वालों को छोड़ा नहीं जाएगा। हिंसा में बाहरी लोगों का हाथ है। उन्होंने आशंका जताई कि हिंसा में एनजीओ और राजनीतिक लोग भी शामिल हो सकते हैं। हम किसी निर्दोष को गिरफ्तार नहीं करेंगे।”

 

अब तक 879 लोग गिरफ्तार

हिंसक विरोध प्रदर्शन पर पुलिस महानिदेशक ओपी सिंह ने कहा कि अब तक 879 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। वहीं पूरे प्रदेश में पुलिस की तैनाती की गई है। इसके साथ ही पीएसई और रैपिड एक्शन फोर्स को भी तैनात किया गया है।

विरोध प्रदर्शन के दौरान उपजी हिंसा के बारे में डीजीपी ओपी सिंह ने कहा कि 282 पुलिस अधिकारी झड़प में जख्मी हुए हैं। अब तक 15 लोगों की मौत हुई है।

उन्होंने आम लोगों से अपील की कि वे प्रदेश में शांति व्यवस्था कायम करने में पुलिस की मदद करें। ओपी सिंह ने कहा कि प्रदेश में हुई नुकसान की भरपाई करना शुरू कर दिया गया है. उपद्रवी अगर जुर्माना नहीं भरते हैं तो उनकी संपत्ति जब्त की जाएगी।

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बवाल में मरने वाले पांचों युवकों पर मुकदमा

शुक्रवार को बवाल में मारे गए पांचों युवकों के खिलाफ पुलिस की तरफ से मुकदमा दर्ज कराया गया है। शनिवार को छह थानों में दर्ज कराए गए दस मुकदमों में इन पांचों युवकों समेत 180 लोगों के खिलाफ संगीन धाराओं में नामजद मुकदमा दर्ज कराया गया, जबकि 5000 से ज्यादा अज्ञात बवाली हैं।

वहीं, सुरक्षा की दृष्टि से शनिवार रात लिसाड़ी गेट, कोतवाली व हापुड़ रोड पर 24 संवेदनशील प्वाइंटों पर पुलिस फोर्स तैनात रही। रविवार सुबह पुलिस प्रशासन के अधिकारियों ने शहर में फ्लैग मार्च निकाला।

एसपी सिटी डॉ. एएन सिंह के अनुसार थाना कोतवाली में दर्ज एक मुकदमे में 6 आरोपी, थाना लिसाड़ीगेट में चार मुकदमों में 125 आरोपी, ब्रह्मपुरी थाने में एक मुकदमे में 25 आरोपी, थाना नौचंदी में दो मुकदमों में 24 आरोपियों समेत 180 आरोपी नामजद हुए हैं। वहीं, जानी और सरधना थाने में एक-एक मुकदमा दर्ज हुआ है।

वाराणसी पुलिस ने की शांति की अपील

नागरिकता संशोधन कानून को लेकर तरह-तरह की अफवाहों के बीच वाराणसी पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी के उकसावे में ना आएं। खासतौर से कम उम्र के बच्चों के अभिभावक ध्यान दें।

इससे जिले का सौहार्दपूर्ण वातावरण और कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने रविवार को बताया कि अब तक जिले में 10 मुकदमें पंजीकृत कर 91 नामजद आरोपियों में से 73 को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। 6000 अज्ञात लोगों की फोटो-वीडियो और सीसी कैमरे की फुटेज से शिनाख्त कराई जा रही है। शिनाख्त होने के बाद उनको गिरफ्तार कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।

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टीएमसी के प्रदर्शन को देखते हुए हजरतगंज इलाका सील

लखनऊ में नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन को लेकर हाईअलर्ट जारी कर दिया गया है। शहर के हजरतगंज सहित आसपास के इलाके को पूरी तरह सील कर दिया गया है। दुकानें बंद कर दी गई है और भारी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात कर दिया गया है।

हजरतगंज, हनुमान सेतु, निषादगंज सहित आसपास के सभी इलाकों पर सुरक्षा चाक-चौबंद है। पुलिसकर्मी लगातार गस्त कर रही हैं।

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