Hapur News: हापुड़ में जमीन कब्जाने का विरोध पड़ा भारी, किसान पर फावड़े से जानलेवा हमला
Hapur News: हापुड़ के बाबूगढ़ क्षेत्र में जमीन कब्जाने के कथित प्रयास का विरोध करने पर किसान पर फावड़े से हमला किए जाने का मामला सामने आया है। घायल किसान ने पांच लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है, जबकि पुलिस मामले की जांच कर रही है।
Hapur News: जनपद के बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के गांव बछलौता में जमीन विवाद को लेकर एक किसान पर कथित रूप से जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि खेत की जमीन पर कब्जा करने की नीयत से पहुंचे कुछ लोगों ने किसान के विरोध करने पर उस पर धारदार फावड़े से हमला कर दिया। हमले में किसान गंभीर रूप से घायल हो गया और खून से लथपथ हालत में किसी तरह अपनी जान बचाकर मौके से भागा। पीड़ित ने पांच लोगों के खिलाफ थाना बाबूगढ़ में तहरीर देकर हत्या के प्रयास, फसल को नुकसान पहुंचाने और जमीन कब्जाने की कोशिश के आरोप लगाए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
खेत में नाली बनाकर कब्जे की कोशिश का आरोप
गांव बछलौता निवासी किसान कृष्णवीर ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि रविवार को वह अपने खेत में कृषि कार्य कर रहा था। इसी दौरान गांव के ही पांच लोग वहां पहुंचे और उसकी जमीन पर जबरन नाली बनाने लगे।किसान का आरोप है कि आरोपित जमीन पर कब्जा करने की मंशा से यह कार्य कर रहे थे।जब उसने और उसके भाई रजनीश ने इसका विरोध किया तो आरोपित भड़क गए। आरोप है कि देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि एक आरोपी ने हाथ में लिए धारदार फावड़े से उस पर हमला कर दिया। फावड़े के वार से किसान गंभीर रूप से घायल हो गया और खेत में ही गिर पड़ा।
जान बचाकर भागे किसान और उसका भाई
पीड़ित किसान का कहना है कि हमलावरों का इरादा उसे गंभीर नुकसान पहुंचाने का था। हमले के दौरान वह और उसका भाई किसी तरह मौके से भागने में सफल रहे, जिससे उनकी जान बच सकी। घटना के बाद आसपास के लोगों में भी अफरा-तफरी का माहौल बन गया।घायल किसान को उपचार दिलाया गया, जबकि घटना की सूचना पुलिस को दी गई। पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि यदि समय रहते वह वहां से नहीं भागते तो कोई बड़ी अनहोनी हो सकती थी। कृष्णवीर ने अपनी शिकायत में यह भी आरोप लगाया है कि घटना से एक दिन पहले भी आरोपितों ने उसके खेत में खड़ी फसल को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से जहरीले रसायन का छिड़काव किया था। इससे फसल प्रभावित हुई और आर्थिक नुकसान हुआ।पीड़ित के अनुसार इस मामले की शिकायत भी उसने थाना बाबूगढ़ में की थी, लेकिन विवाद समाप्त नहीं हुआ। अगले ही दिन आरोपित खेत पर पहुंच गए और मारपीट तथा हमले की घटना को अंजाम दिया।
पुराना भूमि विवाद बना तनाव की वजह
पीड़ित किसान ने बताया कि आरोपितों के साथ उसका लंबे समय से भूमि विवाद चला आ रहा है। वर्ष 2015 में भी उसकी फसल को नुकसान पहुंचाने की घटना हुई थी, जिसकी शिकायत पुलिस से की गई थी। इसके बावजूद विवाद पूरी तरह समाप्त नहीं हो सका और अब मामला हिंसक रूप ले चुका है।ग्रामीणों का कहना है कि गांव में जमीन संबंधी विवादों को लेकर पहले भी कई बार तनाव की स्थिति बन चुकी है। ऐसे मामलों में समय रहते समाधान नहीं होने पर विवाद बढ़ते चले जाते हैं।
पुलिस ने शुरू की जांच
थाना बाबूगढ़ प्रभारी निरीक्षक प्रवीण कुमार ने बताया कि किसान की तहरीर प्राप्त हो गई है। शिकायत के आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।पुलिस का कहना है कि भूमि विवाद, मारपीट और फसल को नुकसान पहुंचाने संबंधी सभी आरोपों की गंभीरता से जांच की जा रही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।