UP News: ‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ का शानदार प्रदर्शन, AI परीक्षा में 12,500 से अधिक छात्र टॉप श्रेणी में
UP News: यूपी में ‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ के तहत AI मूल्यांकन परीक्षा में करीब 50 हजार छात्रों ने हिस्सा लिया। 89% से अधिक छात्र सफल रहे, जबकि 12,500 से ज्यादा ने 80% से अधिक अंक हासिल किए।
UP News (Image Credit-Social Media)
लखनऊ, 8 अगस्त। उत्तर प्रदेश में युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसी भविष्य की तकनीक से जोड़ने के लिए योगी सरकार की पहल ‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन की ओर से माध्यमिक और एडेड स्कूलों में संचालित चार घंटे के ‘AI फॉर ऑल’ कोर्स की राज्य स्तरीय मूल्यांकन परीक्षा में करीब 50 हजार छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया। परीक्षा में छात्रों का औसत स्कोर 70.41 अंक रहा।
परीक्षा के परिणामों के मुताबिक 89 प्रतिशत से अधिक विद्यार्थी सफल रहे। वहीं, 12,500 से अधिक छात्रों ने 80 प्रतिशत से ज्यादा अंक हासिल कर उत्कृष्ट श्रेणी में जगह बनाई। सरकार अब बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों को एडवांस्ड AI, कोडिंग और रोबोटिक्स की दिशा में आगे बढ़ाने की तैयारी कर रही है।
पांच दिन में पूरी हुई मूल्यांकन परीक्षा
परीक्षा को पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से महज पांच दिनों में पूरा किया गया। मिशन निदेशक पुलकित खरे के अनुसार, 8 जुलाई को गोपनीय तरीके से प्रश्नपत्र जिलों को भेजे गए। 9 जुलाई को मुख्य परीक्षा आयोजित हुई, जबकि अनुपस्थित छात्रों के लिए 10 जुलाई को विशेष परीक्षा कराई गई।
इसके बाद 13 जुलाई तक प्रदेश के 73 जिलों में उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन पूरा कर परिणाम मिशन मुख्यालय भेजे गए। परिणामों का सत्यापन 8 अगस्त को किया गया।
12,500 से ज्यादा छात्र उत्कृष्ट श्रेणी में
मूल्यांकन में छात्रों को उनके प्रदर्शन के आधार पर तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया। 80 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वाले 12,500 से ज्यादा छात्र उत्कृष्ट श्रेणी में रहे। वहीं, 50 से 80 अंक प्राप्त करने वाले 28 हजार से अधिक छात्र सक्षम श्रेणी में शामिल हुए।
दूसरी ओर, 50 से कम अंक पाने वाले 4,819 छात्रों को विशेष ध्यान योग्य श्रेणी में रखा गया है। इन विद्यार्थियों के लिए अब सुधारात्मक कक्षाएं और विशेष प्रशिक्षण मॉड्यूल संचालित किए जाएंगे।
पश्चिमी यूपी के छात्रों ने मारी बाजी
क्षेत्रवार प्रदर्शन में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के छात्रों का प्रदर्शन सबसे बेहतर रहा। इस क्षेत्र के 18,395 विद्यार्थियों ने 74.3 अंक का औसत स्कोर हासिल किया। इनमें 37.8 प्रतिशत विद्यार्थी उत्कृष्ट श्रेणी में रहे।
बुंदेलखंड के छात्रों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। यहां औसत स्कोर 74.2 अंक रहा। खास बात यह रही कि 50 से कम अंक पाने वाले छात्रों का प्रतिशत पूरे प्रदेश में सबसे कम 4.9 प्रतिशत रहा।
मध्य उत्तर प्रदेश का औसत स्कोर 69.7 रहा, जबकि पूर्वांचल के 21 जिलों के 14,387 छात्रों ने औसतन 64.7 अंक हासिल किए।
कमजोर छात्रों के लिए शुरू होंगे रिमेडियल AI मॉड्यूल
मिशन निदेशक के अनुसार, जिन छात्रों ने 50 से कम अंक हासिल किए हैं, उनके लिए विशेष ‘रिमेडियल AI मॉड्यूल’ शुरू किए जाएंगे। खासतौर पर पूर्वांचल के कमजोर प्रदर्शन वाले क्षेत्रों पर अतिरिक्त ध्यान दिया जाएगा, ताकि वहां के विद्यार्थियों को भी AI और डिजिटल तकनीक की बेहतर समझ मिल सके।
वहीं, 80 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वाले 12,500 से ज्यादा मेधावी छात्रों को एडवांस्ड AI, एडवांस्ड कोडिंग और रोबोटिक्स का विशेष प्रशिक्षण और मार्गदर्शन दिया जाएगा।
गांव और शहर के बीच डिजिटल अंतर कम करने की कोशिश
व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास और उद्यमशीलता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि ‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ का उद्देश्य छात्रों को भविष्य की तकनीकों से जोड़ने के साथ गांव और शहर के बीच डिजिटल अंतर को कम करना है।
उन्होंने कहा कि करीब 50 हजार छात्रों की भागीदारी और उनका प्रदर्शन प्रदेश के युवाओं की क्षमता को दर्शाता है। सरकार का लक्ष्य युवाओं को आधुनिक तकनीक और रोजगारपरक कौशल से जोड़कर उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना है।
210 घंटे का कौशल विकास कार्यक्रम भी जारी
‘प्रोजेक्ट प्रवीण’ के तहत कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों के लिए 210 घंटे का निशुल्क कौशल विकास कार्यक्रम भी संचालित किया जा रहा है। इसमें IT, ब्यूटी, हेल्थकेयर, एग्रीकल्चर और इलेक्ट्रॉनिक्स सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े रोजगारपरक कौशल सिखाए जा रहे हैं।
इसके साथ ही चार घंटे का ‘AI फॉर ऑल’ कोर्स छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बुनियादी जानकारी और इसके व्यावहारिक उपयोग से परिचित करा रहा है। सरकार की योजना अब बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों को उन्नत तकनीकी प्रशिक्षण देने और कमजोर विद्यार्थियों को अतिरिक्त सहायता देकर मुख्यधारा में लाने की है।