Sonbhadra News: सोनभद्र में पीएम स्वनिधि योजना पर डीएम का सख्त रुख, मांगा जवाब
Sonbhadra News: प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कड़ा रुख अपनाते हुए बैंक अधिकारियों और नगर निकायों को चेतावनी दी है।
Sonbhadra DM Jagriti Awasthi
Sonbhadra News: सोनभद्र। प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कड़ा रुख अपनाते हुए बैंक अधिकारियों और नगर निकायों को चेतावनी दी है। गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने स्पष्ट कहा कि स्ट्रीट वेंडर्स को लाभ पहुंचाने में लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। खराब प्रदर्शन करने वाले नगर निकायों के अधिकारियों के खिलाफ स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी, अग्रणी जिला प्रबंधक इंडियन बैंक, विभिन्न नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी और बैंक समन्वयक मौजूद रहे। समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने पीएम स्वनिधि योजना के तहत ऋण वितरण और नए आवेदनों की स्थिति की गहन जांच की।
डीएम ने बताया कि योजना के अंतर्गत स्ट्रीट वेंडर्स को तीन चरणों में बिना गारंटी ऋण उपलब्ध कराया जाता है। प्रथम चरण में 15 हजार रुपये, दूसरे चरण में 25 हजार रुपये और तीसरे चरण में 50 हजार रुपये तक का ऋण दिया जाता है, ताकि छोटे कारोबारी अपने रोजगार को मजबूत कर सकें।
समीक्षा में कई नगर निकायों और बैंकों की प्रगति अपेक्षा के अनुरूप नहीं मिलने पर जिलाधिकारी नाराज दिखे। उन्होंने लंबित आवेदनों का तत्काल निस्तारण कर शीघ्र ऋण वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही अधिशासी अधिकारियों से कहा कि अधिक से अधिक पात्र स्ट्रीट वेंडर्स को चिन्हित कर उनके आवेदन कराए जाएं।
नगर पंचायत अनपरा, ओबरा, रेणुकूट और रॉबर्ट्सगंज की प्रगति असंतोषजनक पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने एक सप्ताह के भीतर आवेदन संख्या बढ़ाने और विस्तारित नगर क्षेत्रों में संचालित सभी पात्र स्ट्रीट वेंडर्स को योजना से जोड़ने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि पीएम स्वनिधि योजना केंद्र सरकार की महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजना है, जिसकी निगरानी शासन स्तर पर सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से की जाती है। जिले की रैंकिंग आवेदन और ऋण वितरण की प्रगति के आधार पर तय होती है। ऐसे में किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
डीएम ने कहा कि यह योजना छोटे कारोबारियों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में अहम भूमिका निभा रही है और सभी संबंधित विभागों को पूरी गंभीरता के साथ कार्य करना होगा।