संकट में AirIndia! हो रहे धड़ाधड़ इस्तीफे, जाने क्या है पूरा मामला

पायलटों ने शिकायत की है कि कंपनी उनकी सैलरी नहीं बढ़ा रही थी और ना ही उनकी पदोन्नति की जा रही थी। उन्होंने बहुत बार इसकी मांग की थी लेकिन प्रशासन उनकी मांगों को नजरअंदाज कर रहा था, जिसकी वजह से अब उन्होंने इस्तीफा दे दिया है।

नई दिल्ली : आर्थिक संकट से जूझ रही विमान कंपनी एयर इंडिया के बुरे दिन जाने तो क्या कम होने का भी नाम नहीं ले रहे हैं। इस तंगी की हालत से परेशान होकर कंपनी के लगभग 120 एयरबस ए-320 के पायलटों ने भी इस्तीफा दे दिया है। पायलट अपने वेतन और पदोन्नति न होने की वजह से नाराज चल रहे थे और उसी के चलते इस्तीफा देने का मजबूर हुए।

यह भी देखें… भैया Please! मेरी बहन ने बहुत ज्यादा शराब पी ली है, हमारी मदद कर दें…

सैलरी नहीं बढ़ा रही थी और ना ही उनकी पदोन्नति की जा रही

इसी मामले में पायलटों ने शिकायत की है कि कंपनी उनकी सैलरी नहीं बढ़ा रही थी और ना ही उनकी पदोन्नति की जा रही थी। उन्होंने बहुत बार इसकी मांग की थी लेकिन प्रशासन उनकी मांगों को नजरअंदाज कर रहा था, जिसकी वजह से अब उन्होंने इस्तीफा दे दिया है।

बता दें कि कुछ दिन पहले खबर आई थी कि केंद्र सरकार एयर इंडिया में 100 % हिस्सेदारी बेचने की तैयारी में है। और तो और सरकार ने अपने पहले कार्यकाल में 76% हिस्सेदारी बेचने की योजना भी बना ली थी। लेकिन उस वक्त तक किसी ने भी हिस्सेदारी को खरीदने के लिए रुचि नहीं दिखाई थी।

कंपनी एयर इंडिया पर 3 तेल कंपनियों का 4500 करोड़ रुपये से अधिक का कर्जा बकाया है। जिसे हवाई कंपनी ने बीते कईं महीनों से नहीं चुकाया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि एयर इंडिया को 90 दिन का क्रेडिट पीरियड मिलता है।

यह भी देखें… बस पर आतंकी हमला: भेष बदल सवार हुए बदमाश, 31 की जान खतरे में

मामला जल्द सुलझने की उम्मीद जतायी

इसके साथ ही हालहिं में एयर इंडिया के चेयरमैन अश्विनी लोहानी ने बताया था कि कंपनी को हर महीने सिर्फ 300 करोड़ रुपये कर्मचारियों की सैलरी देने के लिए चाहिए। बता दें कि मंत्री समूह में गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, रेल मंत्री पीयूष गोयल और नागर विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी शामिल हैं।

रविवार को एयर इंडिया ने तेल कंपनियों के बकाये का मामला जल्द सुलझने की उम्मीद जतायी है। विमानन कंपनी तेल विपणन कंपनियों के साथ मामले को सुलझाने का पूरा प्रयास कर रही है। साथ ही कंपनी उड़ानों को बाधित होने से रोकने के लिए और यात्रियों को परेशानी न देने के लिए भी पूरा प्रयास कर रही है।

बता दें कि इसी हफ्ते सरकारी तेल कंपनियों ने एयर इंडिया को एक आखिरी चेतावनी जारी करते हुए 18 अक्तूबर तक मासिक भुगतान करने को कहा था। उन्होंने कहा था कि भुगतान नहीं करने पर वे 6 प्रमुख घरेलू हवाई अड्डों पर ईंधन की आपूर्ति बंद कर देंगे।

यह भी देखें… कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले! मिला दिवाली गिफ्ट, सरकार ने किया ऐलान