प्रशांत किशोर थामेंगे TMC का दामन, JDU से किए गए थे बाहर

बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड (JDU) प्रमुख नीतीश कुमार ने बुधवार को पार्टी से प्रशांत किशोर को बाहर का रास्ता दिखा दिया है। जिसके बाद से ही राजनीतिक गलियारों में ऐसी चर्चाएं हो रही हैं कि प्रशांत किशोर जल्द ही तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में शामिल हो सकते हैं।

Published by Shreya Published: January 30, 2020 | 12:42 pm

कोलकाता: बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड (JDU) प्रमुख नीतीश कुमार ने बुधवार को पार्टी से प्रशांत किशोर को बाहर का रास्ता दिखा दिया है। जिसके बाद से ही राजनीतिक गलियारों में ऐसी चर्चाएं हो रही हैं कि तृणमूल कांग्रेस के लिए चुनावी रणनीतिकार की भूमिका निभा रहे प्रशांत किशोर जल्द ही तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में शामिल हो सकते हैं। हालांकि तृणमूल कांग्रेस की तरफ से अभी इस बात की पुष्टि नहीं की गई है। लेकिन पार्टी की तरफ से आने वाले समय में इस तरह की संभावनाओं को खारिज भी नहीं किया गया है।

ममता बनर्जी की ही तरह किशोर भी CAA-NRC के खिलाफ

तृणमूल के सियासी रणनीतिकार प्रशांत किशोर भी पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की तरह ही नागरिकता संशोधन कानून (सीएए), राष्ट्रीय नागरिक पंजी और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर की आलोचना करते रहे हैं। तृणमूल कांग्रेस से संबंधित सूत्रों के मुताबिक, ममता बनर्जी के साथ प्रशांत किशोर के काफी अच्छे संबंध हैं।

यह भी पढ़ें: दुनियाभर के देशों में दहशत, कोरोना का कहर जारी,मरने वालों की संख्या में इजाफा

रणनीतिकार के तौर पर किया है अच्छा काम- पार्थ चटर्जी

वहीं टीएमसी के महासचिव पार्थ चटर्जी ने कहा कि प्रशांत किशोर ने चुनावी रणनीतिकार के तौर पर पार्टी के लिए काफी अच्छे काम किए हैं। उन्होंने कहा कि, अब प्रशांत टीएमसी से जुड़ते हैं या नहीं, इसे लेकर वह और पार्टी के शीर्ष नेतृत्व फैसला करेंगे। एक अन्य नेता ने कहा है कि अगर प्रशांत किशोर पार्टी से जुड़ता चाहेंगे तो उनका स्वागत है, क्योंकि 2021 के विधानसभा चुनाव के पहले पार्टी से किशोर जैसा रणनीतिकार जुड़े, यह पार्टी की उपलब्धि होगी।

पार्टी ने किशोर और पवन वर्मा को किया निष्कासित

गौरतलब है कि JDU प्रमुख नीतीश कुमार ने बुधवार को पार्टी से प्रशांत किशोर और पवन वर्मा को बाहर का रास्ता दिखा दिया। दोनों बागी नेताओं को जेडीयू से निकालते हुए सीएम नीतीश ने कहा कि इनकी पार्टी में कोई जरूरत नहीं है। नीतीश पहले ही बागी नेताओ को कह चुके थे कि जिसको पार्टी से जाना हो चला जाए। वहीं अब आधिकारिक तौर पर इसकी घोषणा कर दी गयी। वहीं बिहार बीजेपी ने प्रशांत किशोर और पवन वर्मा को जदयू से बाहर निकाले जाने को बेहतर कदम बताया है।

यह भी पढ़ें: अक्षय इस फिल्म के लिए ले रहे 120 करोड़, साथ में दिखेंगे ये एक्टर्स

गौरतलब है कि बुधवार को नीतीश कुमार ने प्रशांत किशोर पर बड़ा हमला बोला था। उन्होंने कहा कि जिसको पार्टी से बाहर जाना है वो जा सकता है। वहीं उनके इस बयान के बाद से माना जा रहा था कि जेडीयू दोनों बागी नेताओं पर कार्रवाई करेगी।

बागी नेताओं की बयानबाजी के बाद बढ़ा था विवाद

BJP-JDU गठबंधन में पड़ी दरार! नीतीश कुमार ने तोड़ी चुप्पी, कहा...

दरअसल, नीतीश कुमार ने कहा कि प्रशांत किशोर को अमित शाह के कहने पर ही पार्टी में शामिल किया गया था। नीतीश कुमार के इस बयान के बाद प्रशांत किशोर ने पलटवार किया था। उन्होंने कहा कि पार्टी में मुझे लेने को लेकर नीतीश कुमार ऐसे झूठ कैसे बोल सकते हैं। आपने एक नाकाम कोशिश की है। मेरा रंग आपके जैसा नहीं है।

यह भी पढ़ें: सुरक्षा बलों को मिली कश्मीर में 2 आतंकियों की सूचना, इस वजह से रुका सर्च ऑपरेशन

इनकी पार्टी को जरूरत नहीं

वहीं जेडीयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने भी इससे पहले एक बैठक के बाद कहा कि जेडीयू की बैठक में प्रशांत किशोर और पवन वर्मा की कोई जरूरत नहीं है। वशिष्ठ नारायण के इस बयान से साफ हो गया कि जेडीयू प्रशांत किशोर और पवन वर्मा को आउट करने में जुट गई।

बता दें कि पिछले कुछ दिनों से सीएए और एनआरसी को लेकर प्रशांत किशोर और पवन वर्मा ने पार्टी से हटकर अलग मोर्चा खोल रखा है। इसको लेकर पार्टी चीफ नीतीश कुमार ने यह कहा भी था कि जिसे जहां जाना है वो जा सकता है।

यह भी पढ़ें: केरल से राहुल की हुंकार, कहा- मैं भारतीय हूं, यह तय करने वाले नरेंद्र मोदी कौन हैं?

न्यूजट्रैक के नए ऐप से खुद को रक्खें लेटेस्ट खबरों से अपडेटेड । हमारा ऐप एंड्राइड प्लेस्टोर से डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें - Newstrack App