पर्यटन

दुनिया में आश्चर्य व विविधताओं की कमी नहीं है। और अगर भारत की बात करें तो यहां विविधताओं की खान है। अनेकता में एकता ही यहां की पहचान है। यहां कुछ कदम की दूरी पर हर चीज में विविधता देखने को मिलती है। चाहे  कोई जगह हो या फिर रेस्टोरेंट्स,होटल व कैफे सब इसमे शामिल है।

त्योहार और शादी के साथ-साथ अपनी ठंडक कि छुट्टियों में आप सब के मन में कई तरह के प्लान होंगे कि घूमने के लिए या अपनी छुट्टियों में कहां-कहां घूमने निकाल सकते है।

सर्दियों की शुरूआत ह चुकी है लोग घरों में दुबकना शुरु कर दिए है। फिर भी जिन लोंगों को खासकर कपल्स को बाहर जाने की जल्दी रहती है। सर्दियों में पार्क में बैठना हर किसी को भाता है। खास कर कपल्स बैठने के लिए कहीं भी जाते है।ताकि सुरक्षित जगह मिले व साथी के साथ सुकून के दो पल बिताए।

हिंदू धर्म हो या किसी भी धर्म में तीर्थ स्थल व धार्मिक जगहों का बहुत महत्व होता है। खास हिंदू धर्माववलंबी तो अपने किसी भी मंदिर व धार्मिक स्थल पर जाना नही भूलते, चाहे व शिव विष्णु या गणेश का मंदिर हो  फिर किसी देवी मां का। देवी लक्ष्मी को धन और समृद्धि प्रदान करने वाली देवी मानते है।

गोरखालैंड की ओर से टूरिज्म के क्षेत्र में कर्सियांग को विकसित करने का काम लगातार जारी है। इसी क्रम में कई महीने पूर्व रोहिणी रोड स्थित लोवर सिरूबारी इलाके में आई लव कर्सियांग पर्यटन स्थल स्थापित किया गया है। कर्सियांग मोटर स्टैंड से रिजर्व वाहन के जरिये पर्यटक आसानी से यहां पहुंच सकते हैं

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अयोध्या में  राम मंदिर का रास्ता साफ होन गया है। यूपी के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने  कहा था कि अयोध्या को राम मंदिर निर्माण के साथ ही आध्यात्म और पर्यटन का अंतरराष्ट्रीय केंद्र बनाएंगे। अब इस वादे को पूरा करने की तैयारी शुरू हो गई है।

अगर आपको कहीं घुमने जाना हो तो आप हमेशा सोचते हैं किसी अच्छी और शांत जगह पर जाएं। हम आपके लिए दुनिया के टॉप 10 शहरों के नाम लाए हैं।

 कहते है कि जिसकी किस्मत बदलने वाली हो उसके लिए पूरी कायनात एक हो जाती है। कुछ ऐसा हा जयपुर के इन गांवों के साथ हुआ । जयपुर के ये गांव  जहां गुमनामी व दयनीय स्थिति से गुजर रहे थे अचानक यहां सब बदल गया। ये सब हुआ महाराष्ट्र से आएं कांग्रेस के विधायकों की वजह से।

हिन्दूओं के धर्मग्रंथों में अयोध्या का वर्णन है। वेदों, पुराणों और उपनिषदों सहित अन्‍य ग्रंथों में इस महान नगरी कीर्ति का यशगान है। रामायण  के अनुसार , मर्यादापुरुषोत्‍तम श्रीराम की ये जन्‍मभूमि है। इस नगर को स्वयं मनु ने बसाया था, ऐसा महर्षि वाल्‍मीकि ने महाकाव्‍य रामायण में लिखा है।

आज से अब सिख श्रद्धालु करतारपुर जाकर सिखों के इस पवित्र धाम का दर्शन कर पाएंगे। श्रद्धालुओं का पहला जत्था रवाना हो चुका है। जिस पवित्र धाम के दर्शन के श्रद्धालु इतने उत्साहित थे। जानते हैं करतारपुर गुरुद्वारा सिखों के लिए क्यों इतना पवित्र है ...