JPSC धांधली में CID का बड़ा एक्शन! पूर्व अध्यक्ष एल. खांग्याते गिरफ्तार, 18 ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी
JPSC Former Chairman Arrested: JPSC परीक्षा धांधली मामले में CID ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व अध्यक्ष एल. खांग्याते को गिरफ्तार किया है। करीब 7 घंटे की पूछताछ के बाद हुई गिरफ्तारी के साथ ही जांच टीमों ने झारखंड में 18 ठिकानों पर छापेमारी की।
JPSC Former Chairman Arrested: झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई धांधली को लेकर चल रहे भारी बवाल के बीच एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आई है। सीआईडी की टीम ने जेपीएससी के पूर्व अध्यक्ष एल. खांग्याते को गिरफ्तार कर लिया है। सोमवार को जांच एजेंसी के अधिकारियों ने उनसे करीब 7 घंटे तक कड़ी पूछताछ की थी। सुबह 11 बजे से शाम 6 बजे तक चली इस मैराथन पूछताछ के बाद आखिरकार जांच टीम ने उन्हें शिकंजे में ले लिया। परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों के मामले में उनसे सवाल-जवाब का यह चौथा दौर था, जिसके तुरंत बाद यह सख्त कार्रवाई देखने को मिली है।
इस्तीफे के बाद 18 ठिकानों पर पड़ा छापा
यह पूरी कार्रवाई राज्य भर में बड़े पैमाने पर चलाए जा रहे जांच अभियान का हिस्सा है। सीआईडी की अलग-अलग टीमों ने इस मामले से जुड़े 18 ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की है। गौरतलब है कि खांग्याते ने 22 जुलाई 2026 को ही अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उस दौरान जब जांच एजेंसियों ने मामले की परतें खोलना शुरू किया था, तब खांग्याते ने निष्पक्ष जांच की बात कहकर पद छोड़ दिया था। इसके ठीक बाद सोमवार को आयोग के 3 अन्य वरिष्ठ सदस्यों ने भी अपना त्यागपत्र दे दिया था, जिससे प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज हो गई थी।
ब्लैकलिस्टेड कंपनी को काम देने का गंभीर आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार, पूर्व अध्यक्ष इस पूरे घटनाक्रम में मुख्य भूमिका में रहे हैं। उन पर आरोप है कि उन्होंने नियमों को दरकिनार करते हुए एक ऐसी निजी कंपनी को परीक्षा आयोजित करने की जिम्मेदारी सौंपी, जो पहले से ही काली सूची में दर्ज थी। खांग्याते ने 14वीं सिविल सेवा परीक्षा का संचालन टीडीपीएल नाम की इस विवादित कंपनी को सौंपा था। राज्य के पूर्व मुख्य सचिव रह चुके एल. खांग्याते जैसे ऊंचे पद पर बैठे व्यक्ति की गिरफ्तारी ने इस बात को साबित कर दिया है कि धांधली का यह जाल बहुत गहरा फैला हुआ था।
सड़कों पर आक्रोशित छात्र, सभी परीक्षाएं रद्द करने की मांग
दूसरी ओर, इस पूरे मामले को लेकर झारखंड के युवाओं का गुस्सा चरम पर है। सड़कों पर उतरे अभ्यर्थी लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी छात्रों की स्पष्ट मांग है कि काली सूची में डाली जा चुकी टीडीपीएल कंपनी द्वारा आयोजित कराई गई सभी परीक्षाओं को तुरंत निरस्त किया जाए। अभ्यर्थियों का कहना है कि जब तक पूरे तंत्र की सफाई नहीं हो जाती और दोषियों को कड़ी सजा नहीं मिलती, तब तक उनका यह उलगुलान जारी रहेगा। सीआईडी की इस बड़ी कार्रवाई के बाद अब यह देखना होगा कि आने वाले दिनों में और कौन-कौन से बड़े नाम बेनकाब होते हैं।