शपथ लेते ही एक्शन में विजय! CM बनते ही ताबड़तोड़ लिए 3 बड़े फैसले, राहुल गांधी भी हुए समारोह में शामिल
Thalapathy Vijay CM Tamil Nadu: तमिलनाडु के नए मुख्यमंत्री बने थलपति विजय! शपथ लेते ही 200 यूनिट मुफ्त बिजली, महिला सुरक्षा फोर्स और नशे के खिलाफ STF जैसे 3 बड़े फैसलों से मचाई हलचल। राहुल गांधी की मौजूदगी में रचा नया राजनीतिक इतिहास।
Thalapathy Vijay CM Tamil Nadu: तमिलनाडु की सियासत में आज एक नए युग का सवेरा हुआ है। फिल्मी पर्दे पर अपनी अदाकारी से करोड़ों दिलों को जीतने वाले 'थलपति' सी. जोसेफ विजय अब असल जिंदगी में भी सूबे के 'नायक' बन गए हैं। रविवार को चेन्नई के जवाहरलाल नेहरू इंडोर स्टेडियम में आयोजित एक बेहद भव्य और जोश से भरे समारोह में विजय ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री के रूप में पद और गोपनीयता की शपथ ली। जैसे ही विजय मंच पर पहुंचे, स्टेडियम में मौजूद हजारों समर्थकों का शोर आसमान छूने लगा। मुख्यमंत्री की कुर्सी संभालते ही विजय 'एक्शन मोड' में नजर आए और उन्होंने बिना वक्त गंवाए जनता से किए गए वादों को पूरा करने की दिशा में कदम बढ़ा दिए।
सत्ता संभालते ही तीन बड़े फैसले: बिजली, सुरक्षा और नशे पर प्रहार
मुख्यमंत्री की कुर्सी पर बैठते ही विजय ने सबसे पहले उन तीन महत्वपूर्ण फाइलों पर हस्ताक्षर किए, जो उनकी सरकार की प्राथमिकताओं को दर्शाती हैं। विजय का पहला बड़ा फैसला राज्य के मध्यम और गरीब वर्ग के लिए राहत लेकर आया है; उन्होंने घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 200 यूनिट मुफ्त बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित करने के आदेश पर मुहर लगा दी है। इसके साथ ही, राज्य को नशे के जाल से बाहर निकालने के लिए उन्होंने एक स्पेशल टास्क फोर्स (STF) के गठन की मंजूरी दी है, जो सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय को रिपोर्ट करेगी। तीसरा बड़ा फैसला आधी आबादी यानी महिलाओं के लिए रहा, जिसके तहत राज्य में महिला सुरक्षा के लिए एक समर्पित विशेष बल बनाया जाएगा।
मंच पर राहुल गांधी और वो यादगार 'सेल्फी'
इस शपथ ग्रहण समारोह की चमक उस समय और बढ़ गई जब कांग्रेस के दिग्गज नेता राहुल गांधी विशेष रूप से विजय को बधाई देने चेन्नई पहुंचे। समारोह के दौरान राहुल गांधी और विजय के बीच की केमिस्ट्री और गर्मजोशी साफ देखी जा सकती थी, जो भविष्य के नए राजनीतिक समीकरणों की ओर इशारा कर रही है। शपथ ग्रहण के बाद विजय ने न केवल राहुल गांधी का स्वागत किया, बल्कि अपने नए कैबिनेट सहयोगियों के साथ एक 'सेल्फी' भी ली, जो सोशल मीडिया पर चंद मिनटों में वायरल हो गई। इस मंच ने विजय की केवल क्षेत्रीय ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती स्वीकार्यता को भी साबित कर दिया है।
परंपरा से हटकर नया अंदाज: सादगी और संकल्प
तमिलनाडु की राजनीति में अक्सर नेता सफेद धोती और कुर्ते में नजर आते हैं, लेकिन विजय ने यहां भी अपनी अलग छाप छोड़ी। वह सफेद शर्ट, डार्क पैंट और ब्लेजर वाले आधुनिक परिधान में नजर आए। राज्यपाल आर.वी. अर्लेकर ने उन्हें और उनके 9 मंत्रियों को शपथ दिलाई। खास बात यह रही कि जहां पिछली द्रविड़ सरकारें अक्सर नास्तिकता या धर्मनिरपेक्षता के आधार पर शपथ लेती थीं, वहीं विजय ने ईश्वर के नाम पर शपथ लेकर एक नई परंपरा की शुरुआत की। समारोह में फिल्म जगत से उनकी करीबी दोस्त तृषा कृष्णन और विजय के माता-पिता भी मौजूद थे, जो अपने बेटे की इस ऐतिहासिक उपलब्धि को देख भावुक नजर आए।
"मैं कोई राजा नहीं, आपका सेवक हूं": विजय का पहला संबोधन
शपथ लेने के बाद अपने पहले संबोधन में विजय बेहद विनम्र दिखे। उन्होंने भावुक होते हुए कहा, "मैं किसी शाही खानदान या राजनीतिक विरासत से नहीं आता हूं। मुझे जो कुछ भी मिला है, वह आप लोगों का प्यार और आशीर्वाद है। मैं सत्ता का भूखा नहीं हूं, बल्कि आपकी सेवा करना चाहता हूं।" उन्होंने जनता को भरोसा दिलाया कि वह कभी भी झूठे वादे नहीं करेंगे और उनका हर फैसला तमिलनाडु के विकास और गरीब के उत्थान के लिए होगा। इस संबोधन ने साबित कर दिया कि तमिलनाडु में अब एक ऐसी सरकार आ चुकी है जो बदलाव और पारदर्शिता के संकल्प के साथ आगे बढ़ेगी।