चीन की चाल जानता है भारत: अलर्ट पर वायुसेना, लड़ाकू विमानों ने रातभर भरी उड़ान

सोमवार को चीनी सेना ने अपने कदम पीछे खींच लिए हैं, लेकिन भारत अभी भी सतर्क है और अपनी सख्ती बरकरार रखी है। कल यानी सोमवार रात लड़ाकू हेलिकॉप्टर अपाचे ने भारत-चीन बॉर्डर के पास अपना ऑपरेशन किया।

नई दिल्ली: पूर्वी लद्दाख की गलवान घाटी के पास भारत और चीन के बीच विवाद अब कम होता नजर आ रहा है। सोमवार को चीनी सेना ने अपने कदम पीछे खींच लिए हैं, लेकिन भारत अभी भी सतर्क है और अपनी सख्ती बरकरार रखी है। कल यानी सोमवार रात लड़ाकू हेलिकॉप्टर अपाचे ने भारत-चीन बॉर्डर के पास अपना ऑपरेशन किया। अपाचे और चिनूक समेत कई विमानों ने देर रात सीमा के पास उड़ाने भरी और चीन पर कड़ी नजर रखते रहे।

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चीन पर पैनी नजर बनाए रखने के लिए भरी उड़ान

भारत-चीन बॉर्डर पर फॉरवर्ड पोस्ट पर लड़ाकू हेलिकॉप्टर अपाचे ने चीन पर पैनी नजर बनाए रखने के लिए उड़ान भरी। बता दें कि भारतीय वायुसेना (Indian Air Force) सीमा पर लगातार अभ्यास कर रही है। भले ही चीन ने अपने कदम पीछे किए हों, लेकिन भारत अब भी हर स्थिति से निपटने की तैयारी कर रही है। यहां पर केवल अपाचे ही नहीं बल्कि चिनूक हेलिकॉप्टर ने भी अभ्यास किया। इससे पहले अपाचे हेलिकॉप्टर और मिग-29 समेत कई अन्य लड़ाकू विमान लेह के आसमान में उड़ान भरते दिखाई दिए।

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पिछले साल भारतीय वायुसेना के बेड़े में शामिल किया गया अपाचे

बता दें कि 8 अपाचे लड़ाकू हेलिकॉप्टरों को पिछले साल 2019 में ही भारतीय वायुसेना के बेड़े में शामिल किया गया था, जिसके बाद सेना को और मजबूती मिली थी। अपाचे हेलिकॉप्टर को अमेरिकी कंपनी बोइंग बनाती है। इस लड़ाकू विमान की मारक क्षमता बेहद खतरनाक होता है। यह करीब 280 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उड़ान भरता है। साथ ही अपाचे 16 एंटी टैंक मिसाइल छोड़ने की क्षमता रखता है। इस हेलिकॉप्टर को ऐसा डिजाइन किया गया है कि रडार की पकड़ में भी ना आ सके। अपाचे बिना रूके लगातार तीन घंटे तक उड़ान भर सकता है।

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सोमवार को गलवान घाटी से पीछे हटी चीनी सेना

गौरतलब है कि बीते कई दिनों से जारी तनाव के बाद सोमवार को चीनी सेना झड़प वाली जगह यानी गलवान घाटी के पास से करीब दो किलोमीटर पीछे हटी है। दोनों देशों के बीच इस बात पर सहमति बनी थी कि बॉर्डर पर तनाव की स्थिति को कम किया जाएगा। इसके लिए भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजित डोभाल और चीनी विदेश मंत्री में बातचीत हुई है।

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