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पाकिस्तान का कब्जा: कश्मीर के बाद अब यहां चली चाल, की चुनाव की तैयारी

कश्मीर और गिलगित-बाल्टिस्तान मामलों के मंत्री अली आमीन ने मीडिया से बातचीत में पाकिस्तान सरकार की इस योजना का खुलासा किया।

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Published on: 18 Sep 2020 4:53 AM GMT
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अंशुमान तिवारी

नई दिल्ली: हमेशा भारत विरोधी मुहिम में लगा रहने वाला पाकिस्तान गिलगित-बाल्टिस्तान को लेकर नई साजिश रचने में जुटा है। पाकिस्तान ने अब गिलगित-बाल्टिस्तान के दर्जे को बदलकर उसे पूर्ण राज्य का दर्जा देने की योजना बनाई है। पाकिस्तान सरकार ने यहां चुनाव कराने की योजना भी बनाई है।

कश्मीर और गिलगित-बाल्टिस्तान मामलों के मंत्री अली आमीन ने मीडिया से बातचीत में पाकिस्तान सरकार की इस योजना का खुलासा किया। माना जा रहा है इमरान सरकार ने भारत को मुंह चिढ़ाने के लिए ही यह साजिश रची है। क्योंकि भारत शुरुआत से ही गिलगित-बाल्टिस्तान को अपना अभिन्न अंग बताता रहा है।

इमरान खान जल्द करेंगे दौरा

Imran Khan पाकिस्तान की नई साजिश (फाइल फोटो)

पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक प्रधानमंत्री इमरान खान जल्द ही गिलगित-बाल्टिस्तान का दौरा कर सकते हैं। रिपोर्ट के मुताबिक इस दौरे के दौरान वे गिलगित-बाल्टिस्तान के दर्जे में बदलाव की घोषणा भी कर सकते हैं। अली आमीन का कहना है कि पाकिस्तान सरकार ने सभी पक्षों से चर्चा करने के बाद गिलगित-बाल्टिस्तान को सभी संवैधानिक अधिकार देने का बड़ा फैसला किया है।

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उन्होंने कहा कि हमन यहां के लोगों से किए गए वादे को पूरा करने का फैसला किया है और गिलगित-बाल्टिस्तान को संसद के दोनों सदनों में प्रतिनिधित्व जैसे सभी संवैधानिक अधिकार दिए जाएंगे।

नवंबर में चुनाव कराने की योजना

Imran Khan पाकिस्तान की नई साजिश (फाइल फोटो)

पाकिस्तान के मंत्री ने बताया कि गिलगित-बाल्टिस्तान में नवंबर महीने में चुनाव कराने की योजना बनाई गई है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ पार्टी (पीटीआई) ने चुनाव के लिए टिकट बांटने भी शुरू कर दिए हैं। आमीन ने कहा कि गिलगित-बाल्टिस्तान के लोगों ने 73 वर्षों तक अभावों का सामना किया मगर इस बदलाव के साथ वह दौर खत्म हो जाएगा।

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उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए भी सरकार की ओर से महत्वपूर्ण कदम उठाया जा रहा है। पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने 1999 में गिलगित-बाल्टिस्तान के लोगों को पाकिस्तानी नागरिक बताते हुए सरकार को यहां के लोगों के लिए उचित कदम उठाने का निर्देश दिया था।

चुनाव जीतने में जुटी है इमरान की पार्टी

Imran Khan पाकिस्तान की नई साजिश (फाइल फोटो)

आमीन ने यह भी कहा कि संवैधानिक अधिकार मिलने के बाद भी क्षेत्र के लिए सब्सिडी और टैक्स छूट की सुविधा वापस नहीं ली जाएगी। उन्होंने कहा कि जब तक गिलगित-बाल्टिस्तान के लोग अपने पैरों पर खड़े नहीं हो जाते तब तक उन्हें यह सुविधा मिलती रहेगी।

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सियासी जानकारों का कहना है कि इमरान खान की सत्तारूढ़ पार्टी पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ (पीटीआई) की नजर गिलगित-बाल्टिस्तान में होने वाले आगामी चुनावों पर टिकी हुई है। वह इसे पूर्ण राज्य का दर्जा देकर सियासी फायदा उठाना चाहती है ताकि राज्य में उसकी सरकार बन सके।

भारत हमेशा जताता रहा है दावा

India-Pakistan पाकिस्तान की नई साजिश (फाइल फोटो)

पाकिस्तान सरकार की ओर से यह कदम भारत को चिढ़ाने के लिए उठाया जा रहा है। हालांकि भारत की ओर से इस मुद्दे पर कोई तात्कालिक प्रतिक्रिया नहीं जताई गई है मगर भारत पाकिस्तान के गिलगित-बाल्टिस्तान संबंधित फैसलों का हमेशा विरोध करता रहा है। भारत का दावा है कि जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और इस कारण गिलगित-बाल्टिस्तान भी उसके ही हुए।

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भारत कई बार यह बात स्पष्ट कर चुका है कि जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और गिलगित-बाल्टिस्तान भारत का अभिन्न हिस्सा है। भारत की ओर से गिलगित-बाल्टिस्तान में चुनाव कराए जाने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भी कड़ी प्रतिक्रिया जताई गई थी। पाकिस्तान के कब्जे वाले इलाकों में मई के दौरान बदलाव की कोशिशों पर भी भारत के विदेश मंत्रालय ने कड़ी आपत्ति जताई थी। ब्रिटेन से आजादी पाने से पहले गिलगित-बाल्टिस्तान जम्मू-कश्मीर रियासत का अंग हुआ करता था, लेकिन 1947 के बाद से इस पर पाकिस्तान का कब्जा है।

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