Bulandshahr News: वक्फ बिल पास, एक्शन में योगी सरकार, बुलंदशहर में अरबों की 3464 वक्फ सम्पत्तियां चिन्हित
Bulandshahr News: वक्फ के कुछ जानकार बताते हैं कि बेशकीमती वक्फ सम्पत्तियों को उनके स्थानीय स्तर पर संचालन कर रहे कस्टोडियन्स खुद को मालिक समझ बैठे हैं। वक्फ सम्पत्तियों से ये लोग मोटी कमाई तो करते हैं;
वक्फ बिल पास, एक्शन में योगी सरकार, बुलंदशहर में अरबों की 3464 वक्फ सम्पत्तियां चिन्हित (Photo- Social Media)
Bulandahahr News: लोकसभा में वक्फ बिल पास होने के बाद यूपी की योगी सरकार एक्शन मोड में है। योगी सरकार के निर्देश के बाद यूपी में वक्फ संपत्तियों को सूचीबद्ध किया जा रहा है। बुलंदशहर के जिला अल्प संख्यक कल्याण अधिकारी मानवेंद्र राजपूत ने बताया कि बुलंदशहर जनपद में 3464 वक्फ संपत्तियां है, जिनका संचालक उनके मोहतमिम/प्रबंधक के रहे है। वक्फ संपत्तियों को अपनी संपति समझ उन पर काबिज ऐसे प्रबंधकों में हड़कंप मचा है जो वक्फ संपत्तियों से अर्जित आय को हड़पने में लगे है या उन्हें अपना समझ बैठे है। सूत्र बताते है कि इन वक्फ संपत्तियों के भू अभिलेख भी खंगाले जायेंगे।
बुलंदशहर में कहा कितनी वक्फ प्रोपर्टी
बुलंदशहर के जिला अल्प संख्यक समाज कल्याण अधिकारी मानवेंद्र सिंह ने बताया कि जनपद की बुलंदशहर सदर तहसील क्षेत्र में 1075, खुर्जा में 750, अनूपशहर में 578, सिकंदराबाद में 449, शिकारपुर 236, डिबाई 203 और स्याना में 173 वक्फ संपत्तियां चिन्हित की गई है। जिनकी कीमत अरबों रुपये है,
वक्फ सम्पत्तियों की आया से भर रहे कस्टोडियन अपनी तिजोरी?
वक्फ के कुछ जानकार बताते हैं कि बेशकीमती वक्फ सम्पत्तियों को उनके स्थानीय स्तर पर संचालन कर रहे कस्टोडियन्स खुद को मालिक समझ बैठे हैं। वक्फ सम्पत्तियों से ये लोग मोटी कमाई तो करते हैं, लेकिन वक्फ सम्पत्तियों की देखरेख पर खर्च नहीं करते। इसलिए जगह जगह वक्फ सम्पत्तियों पर अवैध कब्जे किये गए। बताया जाता है।को इसे भी कई मामले सामने आए है कि वक्फ सम्पत्ति में मस्जिद या मदरसा बना है तो ऐसे कस्टोडियन्स वहां व्हाइट वाश तक कराते।
वक्फ का मकसद था पवित्र
बताया जाता है कि मुस्लिम समाज के गरीबो, असहायों, विद्युरों की मदद के लिए इन जमीनों पर अस्पताल, मुसाफिरखाना, यतीमखाना, मदरसा आदि बनाने के वक्फ संपत्तियां बनी। जिन्हें लोगों के इसी उद्देश्य के चलते अपनी जमीनों को वक्फ को दान में दिया था,लेकिन कुछ वक्फ संपत्तियों पर उनके कस्टोडियंस कुंडी मार बैठे है और कुछ वक्फ संपत्तियां उद्देश्यविहीन हो अनधिकृत मोटी आय का श्रोत भी बन बैठी है।
रजिस्टर 37 में दर्ज होती हैं वक्फ सम्पत्ति
जिला समाज कल्याण अधिकारी मानवेंद्र सिंह राजपूत ने बताया कि देश भर की वक्फ संपत्तियां जनपद स्तर पर दफा 37 रजिस्टर में दर्ज होती है। बकायदा भूमि का प्रकार भी अंकित किया जाता है कि कौन सी वक्फ सम्पत्ति कृषि भूमि है, प्लॉट है, बाग है या कामर्शियल है, इसकी पूरी जानकारी दफा 37 रजिस्टर में दर्ज हैं।