Tablighi Jamaat

दिल्ली पुलिस ने तब्लीगी जमात के 233 सदस्यों को गिरफ्तार किया और 29 मार्च से संगठन के मुख्यालय से 2,361 लोगों को निकाला गया है। जमात प्रमुख मौलाना मोहम्मद साद के बारे में इन्वेस्टीगेशन चल रही है।

झारखंड की राजधानी रांची में क्वारनटीन सेंटर में तीन महिलाएं गर्भवती पाई गई हैं। इस खबर के बाद अब प्रशासन पर सवाल खड़े होने लगे हैं।

भारत में कोरोना वायरस का तेजी से प्रसार करने के लिए सबसे ज्यादा जिम्मेदार अगर किसी को ठहराया जाता है, तो वो है तब्लीगी जमात।  इसे देखते हुए भारत में तब्लीगी जमात की गतिविधियों में शामिल 2500 विदेशी नागरिकों के भारत आने पर 10 साल के लिए बैन लगा दिया गया है।

कोरोना के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए, अब जनवरी से मार्च तक उत्तर प्रदेश से दिल्ली आए-गए लोगों की अब हिस्ट्री खंगालनी शुरु कर दी गई है।

प्रोफेसर शाहिद को महामारी एक्ट के तहत गिरफ्तार करके पहले ही जेल भेजा जा चुका है। वहीं यूनिवर्सिटी प्रशासन ने अब प्रोफेसर शाहिद के खिलाफ मामले की जांच के लिए कमेटी का गठन कर दिया है।

तब्लीगी जमात को लेकर दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है। मरकज के मुखिया मौलाना साद के बारे में नए-नए खुलासे...

भारत में कोरोना वायरस का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। रोज नये केस तेजी के साथ सामने आ रहे हैं। वहीं मौत का आंकड़ा भी बढ़ता ही जा रहा है। अभी तक यूपी, नई दिल्ली और महाराष्ट्र में कोरोना वायरस के सबसे ज्यादा केस तबलीगी जमात से जुड़े हुए है।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक़ दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच टीम छिपे बैठे रोहिंग्या मुसलमानों की तलाश में जगह –जगह तलाशी अभियान चला रही है, लेकिन अभी तक कामयाबी नहीं मिल पाई है। दिल्ली पुलिस, कोई गलती नहीं करना चाहती है।

यूपी में कोरोना वायरस का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा हैं। अभी तक कोरोना वायरस के जीतने भी संक्रमित मरीज मिले हैं। उसमें से अधिकांश तबलीगी जमात से हैं। जिसके बाद से उन्हें क्वारनटाइन किया जा रहा है।