स्पेशल ख़बरें

पीएम मोदी ने पब्लिक को तो जरूर चेताया मगर चुनावी मैदान में उतरे नेताओं के बारे में उन्होंने एक शब्द नहीं बोला जबकि नेता खुलेआम निर्देशों का मखौल उड़ा रहे हैं।

हिंगलाज मंदिर को पाकिस्तान का वैष्णो देवी इसलिए भी माना जाता है क्योंकि उसमे भी भारतीय मंदिर की तरह माता गुफा में विराजी हैं।

बलिया के साथ बागी विशेषण क्यों है, क्या है यहां की माटी की खासियत, कैसी है पानी की तासीर, क्यों है सब पर भारी। बलिया की हुंकार किसको डराती है। किन महापुरूषों की थाती संजोए हैं बलिया। फिर हर व्यक्ति हर घर क्यों ने करके बलिया का होने पर गर्व।

पश्चिम बंगाल में महाषष्ठी से ही दुर्गा पूजा की शुरुआत होती है। इसलिए भाजपा की ओर से 22 अक्टूबर को प्रधानमंत्री के जरिए पश्चिम बंगाल के लोगों में पैठ बनाने की कोशिश की जा रही है। राज्य में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं और ऐसे में प्रधानमंत्री के संबोधन को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

अमेरिका पहले कई बार कह चुका है कि संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद राजनीति का अड्डा बन कर रह गया है। ये बात सच है क्योंकि मानवाधिकार परिषद ने विश्व के सबसे जुल्मी शासनों की निंदा करने की बजाये उनको संरक्षण ही दिया है।

झारखंड में डायन के नाम पर अंधविश्वास इतना गहरा है कि, लोग किसी दलील को मानने के लिए तैयार नहीं होते हैं। साल 2015 में मांडर थाना क्षेत्र में डायन के नाम पर 5 महिलाओं को पहले निर्वस्त्र कर गांव में घूमाया गया और फिर सभी महिलाओं की सामूहिक हत्या कर दी गई।

दिव्य गुणों वाली नौ औषधियों का मानव जीवन में प्रयोग प्राणदायिनी शक्ति का अनुष्‍ठान है। इसीलिए इन औषधियों को नवदुर्गा भी कहा गया है । इस बार नवरात्र में आप मां के इन रूपों की आराधना करने के साथ ही उन्‍हें इन औषधियों का भी भोग लगावें और प्रसाद स्‍वरूप परिवार के सभी सदस्‍य ग्रहण करें।

इस बार शारदीय नवरात्र 17 अक्टूबर से शुरू होगा जो 25 अक्टूबर तक चलेगा। इस बार नवरात्रि पर 58 साल बाद विशेष शुभ संयोग बन रहा है। इस विशेष संयोग की वजह से कई राशियों के लिए नवरात्रि शुभ रहेगा।

देवी माँ के भक्त और वे सभी जो नवदुर्गा की पूजा करते हैं और उन्हें प्रसन्न करना चाहते हैं, तो नवरात्रि के 9 दिनों में 9 आसान महाउपाय कर माता के चमत्कारों को देख सकते हैं।

देवीभाग्वत पुराण में इस बात का जिक्र किया गया है की देवी मां के आगमन का अलग-अलग वाहन है। माना जाता है कि अगर नवरात्रि की शुरुआत सोमवार या रविवार को हो रही है तो इसका मतलब है कि वो हाथी पर आएंगी।